कोलेस्ट्रॉल क्या होता है? | cholesterol kya hota hai

कोलेस्ट्रॉल क्या होता है?

कोलेस्ट्रॉल एक वसीय पदार्थ है जिसकी ज़रूरत आपके शरीर को काम करने के लिए होती है। यह लीवर में बनता है और उस खाद्य-पदार्थ में पाया जाता है जो जानवरों से प्राप्त होता है, जैसे कि मांस, अंडे, दुग्ध उत्पाद, मक्खन और लार्ड (सुअर की चरबी)।
आपके खून में अत्यधिक कोलेस्ट्रॉल आपके शरीर के लिए हानिकारक हो सकता है और आपके लिए हृदय रोग का जोखिम बढ़ा सकता है।
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आप उच्च रक्त कोलेस्ट्रॉल के लिए जोखिम में हैं, यदि:-
  • आपका शरीर अत्यधिक कोलेस्ट्रॉल बनाता है
  • आप अति संतृप्त वसा और कोलेस्ट्रॉल वाले खाद्य पदार्थ खाते हैं
  • आपको डायबिटीज़, निम्न थायरॉयड स्तर जिसे हाइपोथायरॉयडिज्म कहा जाता है, या गुर्दे की बीमारी है

आपके रक्त में वसाओं के 3 मुख्य प्रकार होते हैं:-
  1. उच्च घनत्व वाले लिपोप्रोटीन्स (HDL): यह "अच्छा" कोलेस्ट्रॉल आपके रक्त में अतिरिक्त कोलेस्ट्रॉल को वापस आपके लीवर में ले जाता है ताकि आपका शरीर इससे मुक्ति पा सके।
  2. निम्न घनत्व वाले लिपोप्रोटीन्स (LDL): आपके रक्त में मौजूद यह "ख़राब कोलेस्ट्रॉल आपकी रक्त वाहिकाओं में बनता (जमा हो जाता है। इससे आपकी वाहिकाएँ संकीर्ण हो सकती हैं, जिससे रक्त का प्रवाह मुश्किल हो सकता है।
  3. ट्राइग्लिसराइड्स: अत्यधिक मात्रा में कार्बोहाइड्रेट खाने से आपका ट्राइग्लिसराइड स्तर बढ़ सकता है। ट्राइग्लिसराइड का उच्च स्तर हृदय रोग, स्ट्रोक और डायबिटीज़ से जुड़ा हुआ है।
रक्त की वसा को रक्त परीक्षण द्वारा मापा जाता है।
आपके परिणाम आपको बताएँगे:-

आपका कुल कोलेस्ट्रॉल रक्त स्तर
  • स्वस्थ स्तर 200 से कम होता है।
  • यदि आपका कुल कोलेस्ट्रॉल 200 से अधिक है, तो आपका डॉक्टर आपके HDL, LDL और ट्राइग्लिसराइड्स की जाँच करेगा।

आपका HDL रक्त कोलेस्ट्रॉल का स्तर
  • यही "अच्छा" कोलेस्ट्रॉल है: जितनी अधिक संख्या हो, उतनी ही अच्छी बात है।
  • स्वस्थ स्तर 60 और उससे अधिक होता है।
  • यदि आपका स्तर 40 से कम है, तो उपचार के बारे में अपने डॉक्टर से बात करें।

आपका LDL रक्त कोलेस्ट्रॉल स्तर
  • यही "ख़राब" कोलेस्ट्रॉल है: जितनी कम संख्या हो, उतनी ही अच्छी बात है।
  • स्वस्थ स्तर 100 से कम होता है।
  • यदि आपको हाल ही में हृदय संबंधी समस्या उत्पन्न हुई है, तो आपका डॉक्टर आपके LDL को 70 से कम करना चाह सकता है।
  • यदि आपका स्तर 130 और उससे अधिक है, तो उपचार के बारे में अपने डॉक्टर से बात करें।

आपका ट्राइग्लिसराइड रक्त स्तर
  • स्वस्थ स्तर 150 से कम होता है।
  • यदि आपका स्तर 200 और उससे अधिक है, तो उपचार के बारे में अपने डॉक्टर से बात करें।

अपने रक्त कोलेस्ट्रॉल के स्तरों को कम करने के लिए
  • अपने डॉक्टर से मिलें और अपने कोलेस्ट्रॉल की जाँच नियमित रूप से करवाएँ।
  • आहार और व्यायाम योजना के बारे में अपने डॉक्टर, नर्स या डाइटीशियन से बात करें।
  • यदि आहार और व्यायाम पर्याप्त नहीं हैं, तो दवा की आवश्यकता हो सकती है।
  • फाइबर युक्त खाद्य-पदार्थ, जैसे कि साबुत अनाज, बीन्स, और ताजे फल और सब्जियों को अधिक मात्रा में खाएँ।
  • ऐसे भोजन को सीमित करें जिसमें उच्च मात्रा में कोलेस्ट्रॉल और संतृप्त वसा, जैसे कि बीफ़, पोर्क (सुअर का मांस), पनीर (चीज़), पूर्ण वसा युक्त दूध या लार्ड (सुअर की चरबी) होती है।
  • कम वसा वाले खाद्य-पदार्थ अधिक खाएँ, जैसे कि त्वचा रहित चिकन ब्रेस्ट, मछली या मलाईरहित दूध।
  • ऐसे खाद्य-पदार्थों का चयन करें जिनमें असंतृप्त वसा (मोनोसैचुरेटेड फैट्स) हों, जैसे कि जैतून या कैनोला का तेल और नट्स (बादाम, आदि)।
  • तलने के बजाय खाद्य-पदार्थों को बेक, ब्रॉयल, ग्रिल या रोस्ट करें।
  • अपने कोलेस्ट्रॉल के स्तरों का प्रबंधन कैसे करें, इसके बारे में अपने डॉक्टर, नर्स या आहार विशेषज्ञ से बात करें।
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कैसे कंट्रोल में रखें कोलेस्ट्रॉल

1. सुबह की शुरुआत लहसुन से
लहसुन में ऐसे एंजाइम्स पाए जाते हैं, जो एलडीएल यानी खराब कोलेस्ट्रॉल को कम करने में मददगार साबित होते हैं। एक रिसर्च के मुताबिक, लहसुन के नियमित सेवन से एलडीएल के स्तर में 9 प्रतिशत तक की कमी हो सकती है। रोजाना सुबह के समय खाली पेट लहसुन की दो कलियों को चबा-चबाकर खाना फायदेमंद होगा।

2. चाय पीने से पहले बादाम खाएं
बादाम में ओमेगा-3 फैटी एसिड होते हैं, जो बुरे कोलेस्ट्रॉल को घटाने और अच्छे कोलेस्ट्रॉल को बढ़ाने में मददगार होते हैं। इन्हें एक रात पहले पानी में भिगोकर सुबह चाय से करीब 20 मिनट पहले खाना चाहिए। पानी में भिगोने से बादाम में फैटी तत्व कम हो जाता है।
रोजाना पांच से छह बादाम खाना भी पर्याप्त है। इसका एक माह का खर्च लगभग उतना ही होगा, जितना कोलेस्ट्रॉल होने पर उसे घटाने वाली दवाओं पर होता है। साथ ही अखरोट का सेवन भी करेंगे तो दोगुना फायदा होगा। काजू को अवॉइड करना चाहिए।

3. भोजन में अधिक से अधिक फाइबर हों
नाश्ते से लेकर डिनर तक, आप जब भी और जो भी खाएं, वह फाइबरयुक्त होना चाहिए। रोजाना अपने दोनों समय के भोजन में सलाद को जरूर शामिल करें। सलाद में शामिल तमाम तरह की सब्जियां जैसे प्याज, मूली, गाजर, चुकंदर फाइबर्स से युक्त होती हैं। ओट्स, स्प्राउट्स और शकरकंद में भी काफी मात्रा में फाइबर्स होते हैं। इन्हें नाश्ते में लें। संतरे, नाशपाती, पपीते, चीकू जैसे फल भी फाइबरके अच्छे सोर्स होते हैं।

4. बाहर की तली हुई चीजों को ना कहें
ट्रांसफैट के लगातार सेवन से एलडीएल जैसा बुरा कोलेस्ट्रॉल बढ़ता है, जबकि एचडीएल जैसे अच्छे कोलेस्ट्रॉल का लेवल 20 फीसदी तक घट जाता है। ट्रांसफैट मुख्य रूप से डीप फ्राइड और क्रीम वाली चीजों में होता है। खासकर एक ही तेल को बार-बार गर्म करने से उसमें ट्रांसफैट की मात्रा बढ़ जाती है। बाहर के खाने में आमतौर पर इसी तरह के तेल का ज्यादा इस्तेमाल होता है। इसलिए बाहर की डीप फ्राइड चीजें अवॉइड करनी चाहिए।

5. वानस्पतिक प्रोटीन का सेवन बढ़ाएं
वानस्पतिक प्रोटीन से मतलब ऐसा प्रोटीन होता है जो वनस्पतियों यानी पेड़-पौधों से मिलता हो। यह प्रोटीन दालों, राजमा, चना, मूंगफली, सोयाबीन आदि के जरिए हासिल किया जा सकता है। इससे बैड कोलेस्ट्रॉल के लेवल को काफी तेजी से घटाने में मदद मिलती है और गुड कोलेस्ट्रॉल का लेवल बढ़ता है।

लिपिड प्रोफाइल, लिपिड पैनल टेस्ट का उपयोग क्या है?
यदि आपके पास उच्च कोलेस्ट्रॉल है, तो आपको किसी भी लक्षण का अनुभव नहीं हो सकता है, लेकिन आप हृदय रोग के लिए अधिक जोखिम में हो सकते हैं। एक कोलेस्ट्रॉल परीक्षण आपके डॉक्टर को आपके रक्त में कोलेस्ट्रॉल के स्तर के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी दे सकता है।
परीक्षण निम्न को मापता है:
  • एलडीएल स्तर (LDL levels) : यह “खराब” कोलेस्ट्रॉल के रूप में भी जाना जाता है, एलडीएल धमनी में अवरोध का मुख्य स्रोत है।
  • एचडीएल स्तर (HDL levels) : “अच्छा” कोलेस्ट्रॉल माना जाता है, एचडीएल “खराब” एलडीएल कोलेस्ट्रॉल से छुटकारा पाने में मदद करता है।
  • कुल कोलेस्ट्रॉल (Total cholesterol) : आपके रक्त में कम घनत्व वाले लिपोप्रोटीन (एलडीएल) कोलेस्ट्रॉल और उच्च घनत्व वाले लिपोप्रोटीन (एचडीएल) कोलेस्ट्रॉल की संयुक्त मात्रा।
  • Triglycerides : आपके रक्त में एक प्रकार की वसा होती है। कुछ अध्ययनों के मुताबिक, ट्राइग्लिसराइड्स के उच्च स्तर दिल की बीमारी का खतरा बढ़ सकते हैं, खासकर महिलाओं में।
वीएलडीएल के स्तर : बहुत कम घनत्व वाले लिपोप्रोटीन (वीएलडीएल) एक और प्रकार का “बुरा” कोलेस्ट्रॉल है। धमनियों पर ब्लॉकेज का विकास उच्च वीएलडीएल स्तर से जुड़ा हुआ है। वीएलडीएल को मापना आसान नहीं है, इसलिए अधिकांश समय इन स्तरों का अनुमान ट्राइग्लिसराइड माप के आधार पर किया जाता है।

कोलेस्ट्रॉल परीक्षण की आवश्यकता क्यों है?

आपका डॉक्टर नियमित परीक्षा के हिस्से के रूप में कोलेस्ट्रॉल परीक्षण का आदेश दे सकता है, या यदि आपके पास हृदय रोग का पारिवारिक इतिहास है या निम्नलिखित जोखिम कारकों में से एक या अधिक है:
  • उच्च रक्त चाप
  • टाइप 2 मधुमेह
  • धूम्रपान
  • अतिरिक्त वजन या मोटापा
  • शारीरिक गतिविधि की कमी
  • संतृप्त वसा में उच्च आहार
आपकी आयु भी एक कारक हो सकती है, क्योंकि जब आप बूढ़े हो जाते हैं तो दिल की बीमारी के लिए आपका जोखिम बढ़ जाता है।

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